मुंबई। सेबी (SEBI) के पूर्णकालिक सदस्य अश्विनी भाटिया (sebi member Ashwini bhatia) ने कहा कि भारत( bharat
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इस एक दिवसीय सम्मेलन की मेजबानी यहां बीएसई के सहयोग से अंजुमन-ए-इस्लाम के अल्लाना इंस्टीट्यूट ऑफ मैनेजमेंट स्टडीज द्वारा की गई थी। अंजुमन-ए-इस्लाम ने इस साल अपनी स्थापना के 150 साल पूरे कर लिए हैं। भाटिया ने कहा कि भारतीय अर्थव्यवस्था तेजी से वृद्धि के चरण में है। हालांकि इस वृद्धि को एक स्थायी अर्थव्यवस्था में तब्दील किए जाने की जरूरत है। नियामकों के रूप में हम वित्तपोषण या प्रकटीकरण तथा पारदर्शिता के पहलुओं को ध्यान में रखते हुए समग्र नियामक ढांचा तैयार कर रहे हैं।
MSME bharat manch: रुपीबॉस फाइनेंशियल सर्विसेज बना छोटे व्यापारियों और उद्यमियों के लिए आर्थिक मंच



