By using this site, you agree to the Privacy Policy and Terms of Use.
Accept
Joindia.co.in: Hindi News, ब्रेकिंग न्यूज़, हिंदी समाचारJoindia.co.in: Hindi News, ब्रेकिंग न्यूज़, हिंदी समाचारJoindia.co.in: Hindi News, ब्रेकिंग न्यूज़, हिंदी समाचार
Notification Show More
Font ResizerAa
  • सिटी
    • मुंबई
    • नवीमुंबई
    • ठाणे
    • मीरा भायंदर
    • कल्याण
    • पालघर
    • दिल्ली
    • बंगलुरू
    • कोलकत्ता
  • राजनीति
  • क्राइम
  • देश-दुनिया
  • रोचक
  • खेल
    • फिल्मी दुनिया
  • हेल्थ शिक्षा
  • वेब स्टोरी
    • काव्य-कथा
      • आध्यात्म
Reading: …बस उड़ान में हौंसला चाहिए
Share
Font ResizerAa
Joindia.co.in: Hindi News, ब्रेकिंग न्यूज़, हिंदी समाचारJoindia.co.in: Hindi News, ब्रेकिंग न्यूज़, हिंदी समाचार
  • सिटी
  • राजनीति
  • क्राइम
  • देश-दुनिया
  • रोचक
  • खेल
  • हेल्थ शिक्षा
  • वेब स्टोरी
Search
  • सिटी
    • मुंबई
    • नवीमुंबई
    • ठाणे
    • मीरा भायंदर
    • कल्याण
    • पालघर
    • दिल्ली
    • बंगलुरू
    • कोलकत्ता
  • राजनीति
  • क्राइम
  • देश-दुनिया
  • रोचक
  • खेल
    • फिल्मी दुनिया
  • हेल्थ शिक्षा
  • वेब स्टोरी
    • काव्य-कथा
Have an existing account? Sign In
Follow US

Home » …बस उड़ान में हौंसला चाहिए

कल्याणठाणेदेश-दुनियामुंबई

…बस उड़ान में हौंसला चाहिए

Deepak dubey
Last updated: December 3, 2023 12:49 am
Deepak dubey
Published: December 3, 2023
Share
3ff7108e2ebaa42ca1b3f986d612647d original
SHARE

नवी मुंबई। वर्ष 2015 में जब देश के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने विकलांगों को दिव्यांग कहकर पुकारा था। उस दिन समाज में दिव्यांगों के प्रति एक नई विचारधारा का बीजारोपणकिया गया था, लेकिन वह बीज आज भी वह फल नहीं दे सका है, जिसकी उम्मीददिव्यांगों ने लगा रखी थी। आज हम चाँद पर पहुँच गए हैं, लेकिन हमारीविचारधारा आज भी रूढ़िवादी ही है। हमारे समाज में आज भी दिव्यांगों को हेय दृष्टिसे देखा जाता है। इस बात को झुठलाया नहीं जा सकता है कि आज भी विकलांगता वह अभिशापहै, जो व्यक्ति को समाज की मूलधारा से अलग कर देता है। निरपराध होने केबावजूद भी इन्हें इस तरह से देखा जाता है कि इन्होंने कोई बहुत बड़ा पाप कर दियाहै। दूर-दराज गाँवों में तो इसे ‘पूर्व जन्म का पाप’ तककह दिया जाता है। हालाँकि यह सच है कि लोग कुछ हद तक जागरूक हुए हैं, लेकिनउनका अनुपात न के बराबर है। इन सभी प्रतिकूल परिस्थितियों के बावजूद भी न जानेकितने ही दिव्यांगों ने अपनी क्षमता और योग्यता को एक नहीं कई बार साबित किया है।खेल, शिक्षा, विज्ञान हर क्षेत्र में उन्होंने ऐसा कीर्तिमान स्थापित किया है,जिसकेबारे में सुनकर हम दाँतों तले उँगली दबा लेते हैं। अरुणिमा सिन्हा, रवींद्रजैन, डॉ. सुरेश अडवाणी, सुधा चंद्रन, इरा सिंघल,  शीतल देवी जैसे अनगिनत नाम हैं,जिन्होंनेअपनी कमजोरियों को अपनी ताकत बनाई और दुनिया को बताया कि मंजिल खुद ही ढूँढ़ लेताहै परिंदा, बस उड़ान में हौंसला चाहिए।

Advertisement

सामाजिक न्याय और अधिकारिता मंत्रालय, भारत सरकार कीआधिकारिक वेबसाइट पर मिली जानकारी के अनुसार वर्ष 2011 की जनगणना केअनुसार भारत में 121 करोड़ की आबादी में से 2.68 करोड़ व्यक्ति ‘दिव्यांग’हैंजो कुल जनसंख्या का 2.21% है। दिव्यांग जनसंख्या में 56%(1.5करोड़) पुरुष हैं और 44% (1.18 करोड़) महिलाएँ हैं। इन दिव्यांगोंमें 69% ग्रामीण क्षेत्रों से हैं, जबकि शेष 31% शहरी क्षेत्रोंमें रहते हैं।
 जनसंख्या में हो रही वृद्धि
प्राप्त सरकारी आँकड़ों के अनुसार कुल जनसंख्या में दिव्यांगव्यक्तियों का प्रतिशत 2001 में 2.13% से बढ़कर 2011में 2.21% हो गया। ग्रामीण क्षेत्रों में, 2001 में 2.21% सेबढ़कर 2011 में 2.24% हो गया, जबकि शहरी क्षेत्रों में, इस अवधि के दौरान, यह 1.93% सेबढ़कर 2.17% हो गई। संभव है कि वर्तमान समय में यह आँकड़ा और बढ़ चुका हो,जोआगामी जनगणना में सामने आ सकता है।
आयु वर्ग के अनुसार दिव्यांगता
भारत में 20% दिव्यांग व्यक्ति चलने-फिरने मेंअक्षम हैं। 19% दृष्टि बाधित दिव्यांग हैं और अन्य 19% श्रवण बाधितदिव्यांग हैं। इसके अतिरिक्त 8% एकाधिक दिव्यांगता अर्थात एक से अधिकप्रकार से दिव्यांग वाले व्यक्ति हैं। दिव्यांग व्यक्तियों की संख्या 10-19वर्ष के आयु वर्ग में सबसे अधिक (46.2 लाख) है। दिव्यांग जनसंख्या का 17%हिस्सा 10-19 वर्ष के आयु वर्ग से है और 16% हिस्सा 20-29वर्ष के आयु वर्ग से हैं। अखिल भारतीय स्तर पर कुल दिव्यांग व्यक्तियों में वृद्ध(60+ वर्ष) दिव्यांग 21% हैं। कामगार जनसंख्या अनुपात
2011 की जनगणना के अनुसार गैर-कामगार दिव्यांगों की जनसंख्या 1.7करोड़ है। कुल दिव्यांग गैर-कामगारों में लगभग 46% 15-59 वर्ष के आयुवर्ग के हैं, जबकि 31% 0-14 वर्ष के आयु वर्ग के हैं। 60+ वर्षके गैर-कामगार दिव्यांगों का आँकड़ा 23% बताया जाता है। शिक्षा और स्वास्थ्य के क्षेत्र मे कार्यरत टारगेट पब्लिकेशन की प्रबंध निदेशक डॉ कल्पना गंगारमानी बताती है कि दिव्यांगों के साथ भेदभाव करना बेहद शर्मनाक है। दिव्यांग हमारे हीसमाज का हिस्सा हैं। वे हमारी तरह ही आम नागरिक हैं, उन्हें भी समाजमें हमारी तरह ही जीने का पूरा अधिकार हैं। उनके साथ दुर्व्यवहार करना अनुचित है।दिव्यांगों के साथ किया जाने वाला भेदभाव एक शिक्षित और विकसित समाज के माथे परकलंक है।

Ban on entry of students going to study abroad: विदेश में पढ़ने जानेवाले छात्र छात्राओं के प्रवेश पर रोक, बार कौंसिल ऑफ इंडिया द्वारा सूचि अपडेट न करने का मामला
Eknath shinde vs Uddhav Thackeray: निष्ठा के आगे धन–सत्ता फेल, शिवसेना कभी खत्म नहीं होगी: उद्धव ठाकरे का हुंकार
Fake news alert India: फेक न्यूज पर सख्ती: सरकार ने जारी किए हेल्पलाइन नंबर, आम नागरिकों से सावधानी बरतने की अपील
कीले ना ठोंको, पेड़ों को भी दर्द होता है, मनपा चलाएगी वृक्ष संजीवनी अभियान
Rohit Shetty firing case: जुहू फायरिंग से हिला बॉलीवुड, सुरक्षा के डर से रोहित शेट्टी ने अपनों से बनाई दूरी
TAGGED:Maharashtra newsmumbai news
Share This Article
Facebook Email Print
Leave a Comment

Leave a Reply Cancel reply

You must be logged in to post a comment.

Follow US

Find US on Social Medias
FacebookLike
XFollow
YoutubeSubscribe
TelegramFollow

Weekly Newsletter

Subscribe to our newsletter to get our newest articles instantly!
Popular News
IMG 20260407 WA0046
क्राइम

Sathankulam Incident: 6 साल बाद इंसाफ, बाप-बेटे की कस्टोडियल मौत में 9 पुलिसकर्मियों को फांसी

Deepak dubey
Deepak dubey
April 7, 2026
Navi Mumbai Airport first flight : नवी मुंबई एयरपोर्ट से सितंबर में पहली उड़ान, दुनिया की सबसे तेज बैगेज क्लेम प्रणाली तैयार
Tomato rate APMC market: मुंबई में टमाटर के दामों में जबरदस्त उछाल – ठंड और बेमौसम बारिश से किसानों की बढ़ी चिंता
Neena Gupta Trolled for Outfit: नीना गुप्ता के 66वें जन्मदिन पर फैशन का बोल्ड अंदाज़ बना बहस का मुद्दा, सोशल मीडिया पर तारीफें भी मिलीं और तगड़ी आलोचना भी
Fake railway ticket crackdown: फर्जी टिकट माफिया पर रेलवे का डिजिटल प्रहार स्क्रीनशॉट युग खत्म! ‘रेलवन’ ऐप से सेंट्रल रेलवे ने बदला खेल
- Advertisement -
Ad imageAd image
Global Coronavirus Cases

Confirmed

0

Death

0

More Information:Covid-19 Statistics

Categories

  • सिटी
  • राजनीति
  • क्राइम
  • देश-दुनिया
  • फिल्मी दुनिया
  • खेल
  • वेब स्टोरी

ब्रेकिंग न्यूज़, हिंदी समाचार - Joindia News

Joindia में आपका स्वागत है। यह आपका विश्वसनीय हिंदी न्यूज़ पोर्टल है, जो देश-दुनिया की ताज़ा और सटीक ख़बरें आप तक पहुँचाता है। हम उत्तर प्रदेश, बिहार और मध्य प्रदेश समेत सभी प्रमुख राज्यों की लोकल हरकतों को खास अंदाज में कवर करते हैं। साथ ही, राशिफल, मनोरंजन और वायरल वीडियो से आपको हर पल जोड़े रखते हैं।

Subscribe US

Joindia की ताज़ा ख़बरें अब आपके मेल में भी! हमारे न्यूज़लेटर से जुड़ें और हर पल बने रहें अपडेट।

@2022-25 - joindia.co.in. All Right Reserved.
Welcome Back!

Sign in to your account

Username or Email Address
Password

Lost your password?