By using this site, you agree to the Privacy Policy and Terms of Use.
Accept
Joindia.co.in: Hindi News, ब्रेकिंग न्यूज़, हिंदी समाचारJoindia.co.in: Hindi News, ब्रेकिंग न्यूज़, हिंदी समाचारJoindia.co.in: Hindi News, ब्रेकिंग न्यूज़, हिंदी समाचार
Notification Show More
Font ResizerAa
  • सिटी
    • मुंबई
    • नवीमुंबई
    • ठाणे
    • मीरा भायंदर
    • कल्याण
    • पालघर
    • दिल्ली
    • बंगलुरू
    • कोलकत्ता
  • राजनीति
  • क्राइम
  • देश-दुनिया
  • रोचक
  • खेल
    • फिल्मी दुनिया
  • हेल्थ शिक्षा
  • वेब स्टोरी
    • काव्य-कथा
      • आध्यात्म
Reading: हर साल इस जन्म दोष के साथ पैदा होते हैं 35000 बच्चे, महाराष्ट्र में 5000 हजार बच्चे
Share
Font ResizerAa
Joindia.co.in: Hindi News, ब्रेकिंग न्यूज़, हिंदी समाचारJoindia.co.in: Hindi News, ब्रेकिंग न्यूज़, हिंदी समाचार
  • सिटी
  • राजनीति
  • क्राइम
  • देश-दुनिया
  • रोचक
  • खेल
  • हेल्थ शिक्षा
  • वेब स्टोरी
Search
  • सिटी
    • मुंबई
    • नवीमुंबई
    • ठाणे
    • मीरा भायंदर
    • कल्याण
    • पालघर
    • दिल्ली
    • बंगलुरू
    • कोलकत्ता
  • राजनीति
  • क्राइम
  • देश-दुनिया
  • रोचक
  • खेल
    • फिल्मी दुनिया
  • हेल्थ शिक्षा
  • वेब स्टोरी
    • काव्य-कथा
Have an existing account? Sign In
Follow US

Home » हर साल इस जन्म दोष के साथ पैदा होते हैं 35000 बच्चे, महाराष्ट्र में 5000 हजार बच्चे

कल्याणठाणेदेश-दुनियामुंबई

हर साल इस जन्म दोष के साथ पैदा होते हैं 35000 बच्चे, महाराष्ट्र में 5000 हजार बच्चे

Deepak dubey
Last updated: February 14, 2024 12:22 pm
Deepak dubey
Published: February 14, 2024
Share
causes and symptoms of blue baby syndrome in hindi 81189564
SHARE

मुंबई। बच्चे भगवान की देन होते हैं, लेकिन कई बार ये मन को उदास कर देता है। ये उदासी तब आती है जब पता चलता है बच्चा किसी जन्मजात दोष के साथ पैदा हुआ है। इनमें से एक शारीरिक विकृति फांक होंठ या तालु वाले बच्चे हैं, जिनमें यह दिक्कत जन्म के साथ होती हैं। ये ऐसी समस्या है जिसे सर्जरी से ठीक किया जा सकता है। स्माइल ट्रेन संस्था की अंजलि कोटच ने कहा कि ऐसे बच्चों के चेहरों पर मुस्कुराहट लौटाने का काम ‘एक नई मुस्कान’ पहल के माध्यम से किया जा रहा है। उन्होंने बताया कि महाराष्ट्र में हर साल करीब पांच हजार बच्चे इस जन्मजात दोष के साथ पैदा होते हैं, जबकि यह संख्या हिंदुस्थान में करीब 35000 यानी कुल आबादी का 10 फीसदी के आस-पास है।

Advertisement

मुंबई में आयोजित एक कार्यक्रम में अंजलि कोटच ने कहा कि बीते 25 सालों से स्माइल ट्रेन संस्था दुनिया के 17 देशों, जबकि हिंदुस्थान के 13 राज्यों में बच्चों के क्लेफ्ट के शिकार बच्चों के चेहरों पर खुशी लाने की कोशिश कर रहे हैं। हमारा उद्देश्य ही है कि कोई भी बच्चा जन्म दोष से मुक्त होने में पीछे न रह जाए। उन्होंने कहा कि पूरी दुनिया में 700 में से एक बच्चा इस दोष के साथ पैदा होता है। इस जन्म दोष के साथ पैदा हुए बच्चों को सांस लेने से लेकर खाने, पीने और संवाद साधने में दिक्कतें होती है। इसके चलते अक्सर उन्हें गले, नाक और मुंह में संक्रमण होते रहता है। उन्होंने कहा कि इससे एंजाइटी और डिप्रेशन के भी शिकार हो सकते हैं। फिलहाल इसके सटीक कारणों का पता तो नहीं चल सका है, लेकिन अभी भी इस पर रिसर्च चल रहा है। हालांकि इसके लिए अभी तक जेनेटिक के साथ ही पर्यावरण और विटामिन की कमी को बताया जाता है। उन्होंने बताया कि यूपी में 5 से 6 हजार और बिहार में भी 3500 हजार बच्चे क्लेफ्ट के साथ पैदा हो रहे हैं।

45 मिनट में मिलती है जन्म दोष से मुक्ति

बिजनेस हेड रोहिणी हरिहन ने कहा कि केवल 45 मिनट की सर्जरी में इस जन्म दोष से बच्चों को मुक्त किया जा रहा है। इसके लिए संस्था हिमालय वेलनेस कंपनी की मदद भी ले रही है। इस पहल में देश के 150 अस्पतालों के साथ टाईअप है। इसमें निजी से लेकर देश के प्रतिष्ठित सरकारी अस्पतालों का भी समावेश है। फिलहाल शहरों के साथ ही ग्रामीण क्षेत्रों में चलाया जा रहा है। इन सभी को फंडिंग के साथ ही मेडिकल उपकरण के साथ ही ट्रेनिंग सपोर्ट की भी मदद की जा रही है। उन्होंने कहा कि इस तरह के बच्चों की सर्जरी करने के लिए उनके घरों से अस्पतालों तक ले जाया जाता है। सर्जरी से लेकर उनके परिजनों का खर्च उठाया जाता है। हालांकि अभी भी इसे लेकर लोगों में जनजागरूकता का अभाव है, जिसे बढ़ाने की जरूरत है।

तीन माह के बच्चे की भी हो सकती है सर्जरी

अंजलि कोटच ने कहा कि इस जन्म दोष से पीड़ित तीन महीने के बच्चे की भी सर्जरी की जा सकती है। पहले अभिभावक 8 से 10 साल होने के बाद अपने बच्चों की सर्जरी कराने के लिए आते थे, लेकिन अब यह डेढ़ साल पर पहुंच गई है। हालांकि अभी भी देश में इस तरह की बहुत कम सर्जरियां हो रही हैं। हालांकि बीते 25 सालों में स्माइल ट्रेन संस्था ने हिंदुस्थान में करीब सात लाख और पूरी दुनिया में इस तरह की करीब दो मिलियन सर्जरी की गई है। देश में हर साल करीब 250 सर्जरी हो रही हैं।

निजी अस्पतालों में करनी पड़ती है जेबें ढीली

कोटच ने कहा कि किसी निजी अस्पताल में इस सर्जरी को कराने में कम से कम 50 हजार और अधिकतम 4 से 5 लाख रुपए खर्च करने पड़ सकते हैं। इससे लोगों की अच्छे तरीके से जेबें ढीली होती है। फिलहाल यह सर्जरी गरीब परिवारों को वहन करना संभव नहीं होता है। इसलिए वे इसे इग्नोर कर देते हैं। फिलहाल मुस्कान अभियान का 2024 संस्करण शुरू किया है।

जागरूकता बढ़ाने पर बल

क्रिकेटर युवराज सिंह ने इस अभियान को अपना सहयोग देते हुए बच्चों में कटे होठों के बारे में जागरूकता बढ़ाए जाने की जरूरत पर बल दिया और बताया कि एक छोटा सा योगदान किस प्रकार उनके चेहरों पर ‘एक नई मुस्कान’ लाने में मदद कर सकता है। इस कार्यक्रम में युवराज सिंह ने अपने जीवन के कई किस्से सुनाए और अनुभव भी साझा किए, ताकि क्लेफ्ट की समस्या से ग्रस्त बच्चों को स्वस्थ और खुशहाल जीवन जीने के लिए प्रोत्साहन मिले। कंपनी में कंज्यूमर प्रोडक्ट्स डिवीजन के बिजनेस डायरेक्टर राजेश कृष्णमूर्ति ने बताया कि कई बच्चों को क्लेफ्ट रिपेयर सर्जरी से स्वस्थ और अधिक आनंदमय जीवन प्राप्त करते देखना एक समृद्ध अनुभव है।

MCOCA on gutkha racket: महाराष्ट्र में गुटखा विक्रेताओं पर मकोका लगाने की तैयारी, गृह विभाग का बड़ा संकेत, गुटखा तस्करी नेटवर्क पर statewide शिकंजा
Countdown for national president election begins: बीजेपी राष्ट्रीय अध्यक्ष चुनाव के लिए पर्यवेक्षकों की नियुक्ति, विनोद तावड़े को बड़ी जिम्मेदारी
Murder due to water logging in Dharavi: जल ने ली जान, धारावी में पानी के लिए खूनी जंग
संवेदना जागृत होने से ही राष्ट्र का उन्नति: डॉ चिन्मय पण्ड्या
Mumbai police arrest suspect: मुंबई को उड़ाने की धमकी देने वाला आरोपी 24 घंटे में गिरफ्तार
TAGGED:Maharashtra newsmumbai news
Share This Article
Facebook Email Print
Leave a Comment

Leave a Reply Cancel reply

You must be logged in to post a comment.

Follow US

Find US on Social Medias
FacebookLike
XFollow
YoutubeSubscribe
TelegramFollow

Weekly Newsletter

Subscribe to our newsletter to get our newest articles instantly!
Popular News
Aaditya Thackeray nashik
राजनीति

Aaditya Thackeray Tapovan Issue: तपोवन मुद्दे पर आक्रामक हुए आदित्य ठाकरे, बोले- इसे रिज़र्व फ़ॉरेस्ट घोषित करो

JoIndia Online Correspondent
JoIndia Online Correspondent
December 27, 2025
Online conversion case: मोबाइल गेम बना रहा धर्मांतरण का आसान रास्ता, ऑनलाइन धर्मांतरण मामले का मुंब्रा कनेक्शन आया सामने 
ड्राइवर के साथ पत्नी का अवैध संबंध ,बिल्डर पति की कराई हत्या
आनंद तेलतुंबडे को मिली जमानत के खिलाफ एनआईए की याचिका खारिज
ऐसा क्यों कहा जाता है कि बच्चे तीस की उम्र में पैदा हो जाने चाहिए? जानें उम्र और फर्टिलिटी कनेक्शन
- Advertisement -
Ad imageAd image
Global Coronavirus Cases

Confirmed

0

Death

0

More Information:Covid-19 Statistics

Categories

  • सिटी
  • राजनीति
  • क्राइम
  • देश-दुनिया
  • फिल्मी दुनिया
  • खेल
  • वेब स्टोरी

ब्रेकिंग न्यूज़, हिंदी समाचार - Joindia News

Joindia में आपका स्वागत है। यह आपका विश्वसनीय हिंदी न्यूज़ पोर्टल है, जो देश-दुनिया की ताज़ा और सटीक ख़बरें आप तक पहुँचाता है। हम उत्तर प्रदेश, बिहार और मध्य प्रदेश समेत सभी प्रमुख राज्यों की लोकल हरकतों को खास अंदाज में कवर करते हैं। साथ ही, राशिफल, मनोरंजन और वायरल वीडियो से आपको हर पल जोड़े रखते हैं।

Subscribe US

Joindia की ताज़ा ख़बरें अब आपके मेल में भी! हमारे न्यूज़लेटर से जुड़ें और हर पल बने रहें अपडेट।

@2022-25 - joindia.co.in. All Right Reserved.
Welcome Back!

Sign in to your account

Username or Email Address
Password

Lost your password?