Joindia
मुंबईसिटी

BMC Election के दौरान वाडाला वार्ड 181 के दो उमीदवारों के घर मातम, शिंदे गुट की कोली के पति की हार्टअटैक से मौत

IMG 20260116 020258

जोइंडिया | मुंबई : मनपा चुनाव (BMC Election) के दौरान वार्ड क्रमांक 181 में चुनावी सरगर्मी के बीच दुखद घटना ने पूरे क्षेत्र को शोक में डुबो दिया है। वार्ड 181 से शिवसेना (शिंदे गुट) की उम्मीदवार पुष्पा कृष्णा कोली के पति कृष्णा कोली का गुरुवार निधन हो गया। खास बात यह रही कि चुनाव के दिन दोपहर में ही उनके पति के निधन की खबर सामने आई, जिससे पुष्पा कोली के समर्थकों और कार्यकर्ताओं में गहरी निराशा और शोक का माहौल देखा गया।

Advertisement

bmc election : wadala ward-181 candidates family death

चुनाव के दौरान वार्ड 181 में यह दूसरी बड़ी दुखद घटना है। इससे कुछ दिनों पहले शिवसेना (उद्धव ठाकरे गुट) के प्रत्याशी अनिल कदम की पत्नी प्रेसिला कदम का भी निधन हो गया था। लगातार दो प्रमुख प्रत्याशियों के घरों में शोक की घटनाओं ने पूरे वार्ड के चुनावी वातावरण को गंभीर और भावुक बना दिया।

स्थानीय नागरिकों और राजनीतिक कार्यकर्ताओं में यह चर्चा का विषय बना हुआ है कि जिस वार्ड में लोकतंत्र के पर्व की तैयारी चल रही थी, वहीं दोनों प्रमुख मुकाबलेदारों के परिवारों में शोक छा गया। राजनीतिक मतभेदों से परे, विभिन्न दलों के नेताओं और कार्यकर्ताओं ने दोनों परिवारों के प्रति संवेदना व्यक्त की है। वार्ड 181 का यह चुनाव राजनीतिक मुकाबला के बीच मानवीय संवेदनाओं और सहानुभूति का भी प्रतीक भी बन गया है।

जोइंडिया की अन्य रोचक खबरें भी पढ़ें-

1) JoIndia Exclusive: दुबई पुलिस बनकर ठगों ने मुंबई के कारोबारी Nitin Nandekar के HSBC बैंक खाते से उड़ा दी रकम

2) Ganesh Naik attacks Election Commission: लोकतंत्र खतरे में, चुनाव व्यवस्था दबाव में” — नवी मुंबई मतदान अव्यवस्था पर मंत्री गणेश नाइक का बड़ा बयान

3) Cyber Crime Senior Citizens: मुंबई में 1 अरब का डिजिटल अरेस्ट घोटाला! बुजुर्गों की कमाई लूटी, पुलिस की नींद अब खुली

Related posts

Atal Setu toll free EV: अटल सेतु पर ई-वाहनों को टोल से राहत: महाराष्ट्र सरकार का बड़ा फैसला, आज से लागू

Deepak dubey

रतन टाटा: प्रेरणादायक जीवन यात्रा, खुद को बेहतर बनाने के लिए १९६१ में स्टील शॉप फ्लोर में किया काम, देश को दी पहली स्वदेशी कार

dinu

महाराष्ट्र में खेती का संकट! पांच साल में 3.25 लाख हेक्टेयर कृषि भूमि हुई कम

Deepak dubey

Leave a Comment