जो इंडिया / मुंबई: “कुछ ही मिनटों में डिलीवरी” का वादा कर रही ऑनलाइन ग्रॉसरी सेवा जेप्टो (Online grocery service Zepto) की सच्चाई तब सामने आई, जब मुंबई के धारावी स्थित इसके वेयरहाउस पर खाद्य एवं औषधि प्रशासन

Zepto food safety issue, (Food and Drug Administration (FDA) at Warehouse) ने छापेमारी की। इस जांच में जो तस्वीर उभर कर आई, उसने उपभोक्ताओं की आंखें खोल दीं। एफडीए अधिकारियों को वेयरहाउस में फफूंदी लगे खाद्य पदार्थ, गंदगी से भरा वातावरण, एक्सपायरी सामान और अव्यवस्थित भंडारण व्यवस्था मिली। कोल्ड स्टोरेज का तापमान भी नियमानुसार नहीं था और सामान सीधे गीली ज़मीन पर रखा गया था।
एफडीए की बड़ी कार्रवाई:
फूड सेफ्टी एंड स्टैंडर्ड्स एक्ट, 2006 के तहत एफडीए ने जेप्टो की पैरेंट कंपनी का लाइसेंस निलंबित कर दिया है। अधिकारियों का कहना है कि जब तक सभी खामियों को दुरुस्त नहीं किया जाता और साइट को क्लीन चिट नहीं मिलती, तब तक संचालन बंद रहेगा।
कंपनी की प्रतिक्रिया:
जेप्टो ने बयान जारी कर कहा कि उन्होंने आंतरिक जांच शुरू कर दी है और वे पूरी तरह संबंधित एजेंसियों के साथ मिलकर काम कर रहे हैं। “हमारे लिए फूड सेफ्टी सर्वोपरि है,” कंपनी ने कहा।
डी-मार्ट और खुशी ट्रेडिंग भी फंसे:
एफडीए ने घाटकोपर में खुशी ट्रेडिंग नामक एक प्रतिष्ठान पर भी छापा मारा जो बिना वैध लाइसेंस के डी-मार्ट से एक्सपायरी या एक्सपायरी के करीब सामान खरीदकर उसे दोबारा पैक कर अवैध रूप से बेच रहा था। इसके खिलाफ संचालन बंद करने का आदेश भी दिया गया, पर निरीक्षण में पाया गया कि आदेश का उल्लंघन हुआ। इसके बाद भिवंडी और नई मुंबई के डी-मार्ट स्टोरों पर भी छापे पड़े और अनियमितताओं की पुष्टि हुई।




