Mumbai Congress stages protest after National Herald verdict: नेशनल हेराल्ड प्रकरण में न्यायालय के फैसले के बाद कांग्रेस पार्टी ने मुंबई में ईडी कार्यालय के सामने आक्रामक विरोध प्रदर्शन किया। कांग्रेस का आरोप है कि ईडी सरकारी इशारों पर काम कर रही है और सोनिया गांधी व राहुल गांधी को चौकशी के नाम पर नाहक परेशान किया गया।
कांग्रेस नेतृत्व ने कहा कि भाजपा सरकार विरोधी नेताओं के साथ दुहेरी न्याय कर रही है, जबकि अपने पक्ष के नेताओं को बचाया जा रहा है। मोर्चा मुंबई कांग्रेस अध्यक्ष और सांसद वर्षा गायकवाड के नेतृत्व में निकाला गया। इस प्रदर्शन में पार्टी के कई वरिष्ठ नेता और शेकड़ों कार्यकर्ता शामिल हुए, जिन्होंने सरकार के खिलाफ जोरदार घोषणाबाजी की और अपना विरोध जताया।
खासदार वर्षा गायकवाड ने कहा, “देश के स्वतंत्रता संग्राम और आजादी के बाद कांग्रेस नेताओं ने बलिदान दिया है। उनके खिलाफ झूठे आरोप लगाकर बदनाम करना स्वीकार्य नहीं है। अगर कांग्रेस नेतृत्व की बदनामी करने का प्रयास किया गया, तो पार्टी के कार्यकर्ता सड़क पर उतरकर चोख जवाब देंगे।”
कांग्रेस ने न्यायालय के फैसले का हवाला देते हुए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से सोनिया गांधी और राहुल गांधी से माफी मांगने की भी मांग की। पार्टी ने यह भी कहा कि सत्ताधारी भाजपा अपने नेताओं को बचाती है, जबकि विपक्ष को नाहक परेशान किया जा रहा है।
असत्य कधी लपत नसते,
सत्य पुढे येणारच असते,
कितीही डाव खेळले जरी,
तरी सत्याला झाकता येत नसते..!
या दुष्ट सरकारनं राजकीय सूडबुद्धीनं आदरणीय सोनियाजी गांधी, मा. राहुलजी गांधी आणि काँग्रेस पक्षावर नॅशनल हेराल्ड प्रकरणात भ्रष्टाचाराचे खोटे आरोप केले, नाहक त्रास दिला, बदनामी करण्याचा… pic.twitter.com/FWnhGhJKdU
— Prof. Varsha Eknath Gaikwad (@VarshaEGaikwad) December 17, 2025
इस विरोध प्रदर्शन में आमदार और मंत्री अस्लम शेख, डॉ. ज्योती गायकवाड, सचिन सावंत, सुरेशचंद्र राजहंस समेत कई वरिष्ठ नेता शामिल थे। पुलिस ने प्रदर्शनकारियों को तात्कालिक रूप से ताबेदार किया और बाद में उन्हें छोड़ दिया।



