सवाई मानसिंग स्टेडियम, जयपुर में चल रहे खेलो इंडिया यूनिवर्सिटी गेम्स 2025 (Khelo India University Games 2025)
क्वार्टर फाइनल में मुंबई विश्वविद्यालय (Mumbai University) ने आंध्र प्रदेश के एस.आर.एम. विश्वविद्यालय को कड़ी टक्कर देकर परास्त किया और शानदार जीत दर्ज की। इसके बाद सेमीफाइनल में केरल के एम.जी. विश्वविद्यालय के खिलाफ रोमांचक मुकाबले में शानदार प्रदर्शन करते हुए टीम ने जीत हासिल की और फाइनल में अपनी जगह बनाई। फाइनल मुकाबले में पंजाब के चितकारा विश्वविद्यालय के साथ भिड़ते हुए मुंबई विश्वविद्यालय की टीम ने उत्कृष्ट प्रदर्शन किया और रौप्य पदक हासिल किया।
टीम के खिलाड़ियों अभ्युदय चौधरी, झाकुओ सेयिए, अथर्व जोशी, क्रिश देसाई, इयान लोपेज, सारांश गजबिये और सिद्धार्थ दास ने पूरे टूर्नामेंट में शानदार टीमवर्क, लगातार मेहनत और उच्च स्तर का खेल दिखाया। उनकी यह मेहनत टीम की सफलता में निर्णायक साबित हुई।
मुंबई विश्वविद्यालय की टीम को इस प्रतियोगिता में मैनेजर-कम-कोच सुशांत दिवेकर और यूनिवर्सिटी कॉन्टिन्जेंसी मैनेजर डॉ. सागर अर्जुन तोडकर का मार्गदर्शन भी प्राप्त रहा, जिनकी रणनीति और अनुभव ने खिलाड़ियों की क्षमताओं को और निखारा।
इस उपलब्धि पर मुंबई विश्वविद्यालय प्रशासन ने भी खिलाड़ियों की प्रशंसा की। कुलगुरु प्रा. रवींद्र कुलकर्णी, प्राचार्य डॉ. अजय भामरे, कुलसचिव डॉ. प्रसाद कारडे और निदेशक क्रीड़ा व शारीरिक शिक्षा डॉ. मनोज रेड्डी ने टीम के सभी विजेताओं और प्रतिभागियों का अभिनंदन किया और उनकी भावी खेल यात्रा के लिए शुभकामनाएं दीं।
मुंबई विश्वविद्यालय की बॅडमिंटन टीम की यह सफलता न केवल उनके परिश्रम और कौशल का प्रमाण है, बल्कि राष्ट्रीय स्तर पर विश्वविद्यालय की खेल प्रतिभा को उजागर करने वाला एक महत्वपूर्ण उपलब्धि भी है। खेलो इंडिया यूनिवर्सिटी गेम्स में इस प्रदर्शन से मुंबई विश्वविद्यालय ने यह संदेश दिया है कि वे उच्च प्रतिस्पर्धात्मक खेलों में लगातार शीर्ष पर रहने के लिए प्रतिबद्ध हैं।
टीम की इस उपलब्धि ने छात्रों और खेल प्रेमियों के बीच उत्साह और गर्व की भावना भी पैदा की है, और आने वाले वर्षों में विश्वविद्यालय के खेल कार्यक्रमों के लिए नई प्रेरणा और उम्मीद जगाई है।
