जो इंडिया / नवी मुंबई।
तुर्भे ट्रक टर्मिनल (Turbhe Truck Terminal) स्थित एक अवैध गोदाम (Illegal warehouse) में रविवार रात शॉर्ट सर्किट के कारण भीषण आग लग गई। इस आग में 8 ट्रक, 1 जेसीबी मशीन और बड़ी मात्रा में ज्वलनशील सामग्री से भरे गोदाम जलकर खाक हो गए। हालांकि किसी प्रकार की जनहानि नहीं हुई है, लेकिन करोड़ों रुपये के नुकसान का अनुमान लगाया जा रहा है।
चिंता की बात यह है कि आग जिस जगह लगी, वह राष्ट्रीय सुरक्षा से संबंधित भाभा एटोमिक रिसर्च सेंटर (BARC) परियोजना के बिल्कुल समीप स्थित है। यदि नवी मुंबई अग्निशमन विभाग ने समय रहते आग पर काबू न पाया होता, तो यह आग BARC तक फैल सकती थी, जिससे एक बड़ा संकट पैदा हो सकता था।
राजनीतिक संरक्षण में चल रहे थे अवैध गोदाम
उक्त ट्रक टर्मिनल की जमीन सिडको द्वारा ट्रांसपोर्ट संचालन के लिए दी गई थी, लेकिन स्थानीय एक राजनीतिक पार्टी से जुड़े कार्यकर्ताओं की मिलीभगत से यहां 20 से अधिक अवैध गोदाम और होटल संचालित हो रहे थे। सूत्रों के अनुसार, इसमें तुर्भे गांव की एक प्रभावशाली “ताई” के समर्थकों का सीधा हस्तक्षेप है, जिन्होंने इन गोदामों को किराये पर देकर अवैध कमाई का जरिया बना रखा था।
स्थानीय नागरिकों का आरोप है कि सिडको और मनपा अधिकारियों को इस गैरकानूनी गतिविधि की पूरी जानकारी थी, लेकिन राजनीतिक दबाव के चलते किसी भी प्रकार की कार्रवाई नहीं की गई।
ज्वलनशील सामग्री के कारण आग ने लिया विकराल रूप
स्थानीय निवासियों के अनुसार, इन गोदामों में कोयला, सजावटी सामान, प्लास्टिक कैरेट, गत्ते के बॉक्स, फर्नीचर और मंडप सजावट का ज्वलनशील सामान बड़ी मात्रा में संग्रहित किया गया था। आग लगते ही यह सामग्री जलने लगी और आग ने कुछ ही पलों में विकराल रूप धारण कर लिया।
सिडको और मनपा पर कार्रवाई की मांग
इस गंभीर घटना के बाद नागरिकों और सामाजिक कार्यकर्ताओं ने सिडको तथा मनपा अधिकारियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है। उनका आरोप है कि यह पूरी घटना सरकारी लापरवाही और भ्रष्ट राजनीतिक गठजोड़ का नतीजा है, जिसे नजरअंदाज नहीं किया जा सकता।
