महाराष्ट्र के सतारा में डीआरआई की बड़ी कार्रवाई ने न सिर्फ़ एक ड्रग्स फैक्ट्री का भंडाफोड़ किया है, बल्कि राज्य की कानून-व्यवस्था और सियासी संरक्षण पर भी गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। गुप्त सूचना के आधार पर की गई इस रेड में उस वक्त कार्रवाई की गई, जब आरोपी फैक्ट्री का पूरा सेटअप खड़ा कर रहे थे। करीब 5 करोड़ रुपये की ड्रग्स जब्त की गईं और 6 आरोपियों को गिरफ्तार किया गया।
लेकिन इस कार्रवाई के बाद असली सियासी भूचाल तब आया, जब शिवसेना (UBT) नेता अखिल चित्रे ((Akhil Chitre) ने सीधे मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस (Devendra Fadnavis) को घेर लिया।
जगभरातील अभ्यासांनुसार, ड्रग्ससारख्या बेकायदेशीर व्यवहारांतून मिळणारा पैसा निवडणूक निधी व्यवस्थेत शिरकाव करण्याचा प्रयत्न करणारा एक संभाव्य स्रोत मानला जातो.
अवैध आर्थिक व्यवहारांचा पैसा निवडणूक निधीत मिसळू नये हे रोखण्यासाठी तपास यंत्रणा पुरेशा सक्षम आहेत का?
MD (मेफेड्रोन),…— Akhil Chitre अखिल चित्रे (@akhil1485) January 27, 2026
अखिल चित्रे (Akhil Chitre statement) ने अपने तीखे पोस्ट में लिखा कि दुनिया भर की स्टडीज़ बताती हैं कि ड्रग्स जैसे गैर-कानूनी कारोबार से आया पैसा इलेक्शन फंडिंग सिस्टम में घुसपैठ करता है। ऐसे में बड़ा सवाल यह है कि क्या जांच एजेंसियां वाकई इतनी सक्षम हैं कि इस काले धन को चुनावी फंड तक पहुंचने से रोक सकें?
उन्होंने यह भी सवाल उठाया कि जब महाराष्ट्र में लगातार MD (मेफेड्रोन), कोकीन, गांजा जैसी भारी मात्रा में ड्रग्स बरामद हो रही हैं और DRI, NCB, ATS अलग-अलग जिलों में ऑपरेशन चला रही हैं, तो फिर—
- क्या इतना बड़ा ड्रग्स नेटवर्क लोकल पॉलिटिकल प्रोटेक्शन के बिना संभव है?
- क्या स्थानीय प्रशासन की जानकारी के बिना इंडस्ट्रियल एरिया, गोदाम, फार्महाउस और प्राइवेट लोकेशन्स पर ड्रग्स फैक्ट्रियां चल सकती हैं?
- ड्रग्स पकड़ी जाती हैं, लेकिन मास्टरमाइंड हर बार क्यों गायब रहते हैं?
अखिल चित्रे ने तीखा तंज कसते हुए पूछा—
“ड्रग्स फ्री महाराष्ट्र” सिर्फ़ एक नारा है या फिर ज़मीन पर लागू होने वाली असली पॉलिसी?
और इसी सवाल के साथ उन्होंने @CMOMaharashtra को सीधे टैग कर जवाब मांगा।
अब सवाल साफ है—
क्या सतारा की ये कार्रवाई सिर्फ़ एक रेड है, या फिर महाराष्ट्र की राजनीति में छिपे ड्रग्स-डार्क मनी नेटवर्क की परतें खुलने वाली हैं?
और क्या मुख्यमंत्री इस चुनौती का सीधा जवाब देंगे, या सवाल यूं ही हवा में तैरते रहेंगे?
